विरार: महाराष्ट्र में आगामी चुनावी माहौल के बीच भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) के वरिष्ठ नेता और जनरल सेक्रेटरी विनोद तावडे विवादों के घेरे में आ गए हैं। हाल ही में उनके विरार स्थित एक होटल में छापेमारी के दौरान ₹5 करोड़ नकद और एक डायरी बरामद हुई है। इस डायरी में कथित तौर पर धन वितरण का ब्यौरा दर्ज होने का दावा किया गया है।
शिवसेना (उद्धव बालासाहेब ठाकरे) की नेता प्रियंका चतुर्वेदी ने इस मामले को लेकर बीजेपी और चुनाव आयोग पर तीखे सवाल उठाए हैं। उन्होंने कहा, “यह घटना साफ तौर पर दर्शाती है कि बीजेपी चुनाव जीतने के लिए धनबल का दुरुपयोग कर रही है।”
प्रियंका चतुर्वेदी का तीखा प्रहार
प्रियंका चतुर्वेदी ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में कहा,
“जब हमारी सरकार गिराई गई थी, तब हमने कहा था कि 50 खोखे ओके थे। आज वही नजारा फिर से देखने को मिल रहा है। भारतीय जनता पार्टी लोकतंत्र को धनबल और बाहुबल के जरिए खरीदने की कोशिश कर रही है। महाराष्ट्र की जनता को इस साजिश के खिलाफ सतर्क रहना होगा।”
उन्होंने चुनाव आयोग की भूमिका पर भी सवाल उठाते हुए कहा, “उद्धव ठाकरे जी के हेलिकॉप्टर की कई बार जांच की गई थी, लेकिन बीजेपी नेताओं के पास से गुजरात और दिल्ली से आ रहे पैसों को रोकने में चुनाव आयोग पूरी तरह विफल रहा है। यह किस तरह का दोहरा मापदंड है?”
गुजराती उद्योगपतियों का पैसा चुनाव में इस्तेमाल?
प्रियंका चतुर्वेदी ने बीजेपी पर यह भी आरोप लगाया कि वह गुजरात के कारोबारियों से धन लेकर महाराष्ट्र में सत्ता हासिल करने की कोशिश कर रही है। उन्होंने कहा,
“ये वही लोग हैं जो हमारी इंडस्ट्रीज़ को महाराष्ट्र से बाहर ले गए, हमारे युवाओं को बेरोजगार किया, और हमारी महिलाओं की सुरक्षा को खतरे में डालते हुए राज्य के लॉ एंड ऑर्डर को बिगाड़ने में लगे हुए हैं।”
बीजेपी का पक्ष अभी तक नहीं आया
विनोद तावडे या बीजेपी की ओर से इस मामले में अब तक कोई आधिकारिक बयान नहीं आया है। हालांकि, यह मामला राजनीतिक रूप से गर्माया हुआ है और विपक्ष इसे चुनावी मुद्दा बनाने की पूरी कोशिश कर रहा है।
जनता को सतर्क रहने की अपील
प्रियंका चतुर्वेदी ने महाराष्ट्र की जनता से अपील की है कि वह धनबल और साजिशों के जरिए लोकतंत्र को कमजोर करने वालों के खिलाफ खड़ी हो। उन्होंने कहा, “हमारी लड़ाई प्रजातंत्र बचाने की है।”
इस पूरे मामले में चुनाव आयोग और अन्य जांच एजेंसियों की भूमिका पर भी नजर रहेगी। यदि यह आरोप सही साबित होते हैं, तो यह बीजेपी के लिए बड़ा झटका साबित हो सकता है।









